उत्तराखंड: एलयूसीसी चेयरमैन दिनेश को धोखाधड़ी के आरोप में वारंट बी पर दून लाई पुलिस
उत्तराखंड में सहकारी क्षेत्र से जुड़ी एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। एलयूसीसी (लैंसडाउन यूनियन को-ऑपरेटिव कंसोर्टियम) के चेयरमैन दिनेश को धोखाधड़ी के गंभीर आरोपों में पुलिस ने बाराबंकी (उत्तर प्रदेश) से गिरफ्तार कर वारंट बी के तहत देहरादून लाया है। मामले ने राज्य के सहकारी तंत्र में हलचल पैदा कर दी है।
जानकारी के अनुसार, दिनेश पर लाखों रुपये की आर्थिक अनियमितताओं और फर्जीवाड़े का आरोप है। कई शिकायतों के बाद पुलिस ने जांच की और सबूतों के आधार पर कोर्ट से वारंट बी जारी कराया गया। इसके तहत पुलिस टीम ने बाराबंकी जाकर दिनेश को हिरासत में लिया और तमाम सुरक्षा इंतजामों के बीच दून लेकर पहुंची।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दिनेश पर आरोप है कि उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए कोऑपरेटिव संसाधनों का गलत इस्तेमाल किया और फर्जी दस्तावेजों के आधार पर वित्तीय लाभ उठाया। शुरुआती जांच में कई ऐसे लेनदेन सामने आए हैं जो संदिग्ध हैं।
दिनेश से देहरादून में पूछताछ की जा रही है और संभावना जताई जा रही है कि इस मामले में कई अन्य बड़े नाम भी सामने आ सकते हैं। पुलिस का कहना है कि यह केवल शुरुआत है और जांच के बाद घोटाले का पूरा जाल उजागर हो सकता है।
इस मामले ने उत्तराखंड की सहकारी संस्थाओं की पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। एलयूसीसी जैसे संगठन में इस तरह की अनियमितता सामने आना राज्य की छवि को भी प्रभावित कर सकता है। फिलहाल, पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी है और दिनेश को न्यायालय में पेश किया जाएगा।